सोशल मीडिया पर वायरल तस्वीरों के बाद ASI संरक्षित स्मारक परिसर में दफ़न को लेकर उठे सवाल, जांच की मांग-Newsnetra


फतेहपुर सीकरी, 10 जुलाई। फतेहपुर सीकरी स्थित हज़रत शेख सलीम चिश्ती की दरगाह, जो भारतीय पुरातत्व सर्वेक्षण (ASI) के संरक्षित स्मारक परिसर का हिस्सा है, में 9 जुलाई 2026 को दरगाह कमेटी के प्रबंधक रहीस उर्फ़ आयजुद्दीन के निधन के बाद परिसर के भीतर दफ़न किए जाने की घटना से जुड़ी तस्वीरें सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रही हैं। इन तस्वीरों में स्मारक परिसर के भीतर कब्र की खुदाई और दफ़न की प्रक्रिया दिखाई दे रही है।

सोशल मीडिया पर तस्वीरें वायरल होने के बाद स्थानीय लोगों के बीच इस मामले को लेकर चर्चा तेज हो गई है। लोगों ने प्रशासन एवं ASI से मांग की है कि यह स्पष्ट किया जाए कि संरक्षित स्मारक परिसर में कब्र की खुदाई और दफ़न के लिए आवश्यक अनुमति ली गई थी या नहीं। यदि अनुमति दी गई थी तो उसका विवरण सार्वजनिक किया जाए, और यदि किसी नियम का उल्लंघन हुआ है तो संबंधित कानूनों के अनुसार कार्रवाई की जाए।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि फतेहपुर सीकरी एक विश्व धरोहर एवं प्रमुख पर्यटन स्थल है, जहाँ प्रतिवर्ष देश-विदेश से लाखों पर्यटक आते हैं। उनका कहना है कि संरक्षित स्मारक परिसर में होने वाली ऐसी घटनाओं को लेकर पारदर्शिता आवश्यक है, ताकि ऐतिहासिक धरोहर की गरिमा और पर्यटन स्थल की छवि बनी रहे।





