छात्र आंदोलन के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने दिया इस्तीफा-Newsnetra
नई दिल्ली, 25 जुलाई 2026: देशभर में चल रहे छात्र आंदोलनों और परीक्षा प्रणाली को लेकर बढ़ते विवाद के बीच केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है। उनके इस्तीफे के बाद देश की राजनीति और शिक्षा जगत में नई बहस शुरू हो गई है।
बताया जा रहा है कि हाल के दिनों में विभिन्न छात्र संगठनों द्वारा परीक्षा प्रणाली में पारदर्शिता, पेपर लीक की घटनाओं पर सख्त कार्रवाई और शिक्षा व्यवस्था में सुधार की मांग को लेकर लगातार प्रदर्शन किए जा रहे थे। इन आंदोलनों के बीच शिक्षा मंत्री पर नैतिक जिम्मेदारी लेते हुए इस्तीफा देने का दबाव भी बढ़ता जा रहा था।
अपने इस्तीफे में धर्मेंद्र प्रधान ने कहा कि छात्रों का भविष्य और शिक्षा व्यवस्था में जनता का विश्वास सर्वोपरि है। उन्होंने कहा कि यदि उनके पद छोड़ने से शिक्षा व्यवस्था में विश्वास बहाल करने में मदद मिलती है, तो यह निर्णय देशहित में है।
धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे के बाद अब केंद्र सरकार के सामने नया शिक्षा मंत्री नियुक्त करने की चुनौती है। साथ ही यह भी देखा जाएगा कि सरकार परीक्षा प्रणाली में सुधार, पेपर लीक जैसी घटनाओं पर रोक लगाने और छात्रों का भरोसा जीतने के लिए आगे क्या कदम उठाती है।
वहीं, विपक्षी दलों और छात्र संगठनों ने इस घटनाक्रम को अपनी मांगों की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया है। हालांकि कई छात्र संगठनों का कहना है कि केवल इस्तीफा ही पर्याप्त नहीं है, बल्कि शिक्षा व्यवस्था में व्यापक सुधार और दोषियों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई भी आवश्यक है।
फिलहाल पूरे देश की निगाहें केंद्र सरकार के अगले फैसले पर टिकी हैं। आने वाले दिनों में नए शिक्षा मंत्री की नियुक्ति और शिक्षा सुधारों को लेकर सरकार की रणनीति पर सभी की नजर रहेगी।





