आयुर्वेदिक फार्मा कंपनियों एवं आयुर्वेदिक मेडिकल स्टोरों में हो आयुर्वेदिक फार्मासिस्टों को रखने की अनिवार्यता :डॉ. महेन्द्र राणा-Newsnetra
भारतीय चिकित्सा परिषद उत्तराखंड के बोर्ड सदस्य डा. महेन्द्र राणा ने माननीय मुख्यमंत्री श्री पुष्कर सिंह धामी, माननीय आयुष मंत्री श्री मदन कौशिक एवं भारतीय चिकित्सा परिषद उत्तराखंड के अध्यक्ष माननीय डॉ.जे.एन.नौटियाल से अपील की है कि उत्तराखंड में हज़ारों युवा आयुर्वेदिक भैषज्य कल्पक (फार्मासिस्ट ) का पंजीकृत कोर्स करने के बावजूद भी बेरोजगार घूम रहें हैं, इस पोस्ट के लिए काफी लंबे समय से कोई विभागीय भर्ती भी नहीं आयी है जिससे इन युवाओं का मनोबल गिरा है. डॉ. महेन्द्र राणा ने बताया कि हमारे राज्य में हरिद्वार एवं देहरादून में अनेकों आयुर्वेदिक औषधि निर्माण फैक्ट्री हैं, जिनमें यदि औषधि निर्माण के लिए केवल प्रशिक्षित आयुर्वेदिक फार्मासिस्टों की अनिवार्यता सुनिश्चित की जाय तो हजारों प्रशिक्षित युवाओं को, विभागीय भर्ती आने तक, रोजगार मिल जाएगा | साथ ही साथ जितने भी मेडिकल स्टोर आयुर्वेदिक औषधियाँ बेचते हैं, उनके लिए भी एक पंजीकृत आयुर्वेदिक फार्मासिस्ट रखना सुनिश्चित हो । ऐसा करने से निश्चित ही न सिर्फ आयुर्वेदिक फार्मासिस्ट युवाओं को रोजगार मिलेगा बल्कि आयुर्वेदिक औषधियों की गुणवत्ता में भी उल्लेखनीय सुधार आयेगा।
साथ ही साथ डॉ. महेन्द्र राणा ने सरकार से पंचकर्म प्रशिक्षित युवाओ के लिए भी सरकारी एवं निजी संस्थानों में रोजगार के अवसर उपलब्ध कराने की अपील की।
दिनांक: 17 जुलाई 2026 शुक्रवार देहरादून




