छात्रसंघ चुनाव में छात्राएं बनेंगी निर्णायक फैक्टर, DAV समेत कई कॉलेजों में महिला मतदाता ज्यादा; प्रत्याशियों की बढ़ी चिंता-Newsnetra
छात्रसंघ चुनाव के लिए मंगलवार को होने वाला मतदान कई महाविद्यालयों में छात्राओं की संख्या अधिक होने की वजह से खासा अहम हो गया है। डीएवी पीजी कॉलेज, डीबीएस पीजी कॉलेज, राजकीय महाविद्यालय देहरादून और राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय मालदेवता रायपुर की मतदाता सूची में छात्राओं की संख्या छात्रों से अधिक है। ऐसे में चुनावी मैदान में उतरे प्रत्याशियों के लिए छात्राओं का समर्थन हासिल करना बड़ी चुनौती के साथ ही जीत की रणनीति का अहम हिस्सा बन गया है।
चुनाव प्रचार के दौरान प्रत्याशियों ने छात्राओं के बीच जाकर उनकी समस्याएं जानने और समाधान का भरोसा दिलाने पर जोर दिया। महाविद्यालय परिसर में सुरक्षा, छात्राओं के लिए सुविधाएं, परिवहन, स्वच्छता, पुस्तकालय और शैक्षणिक गतिविधियों से जुड़े मुद्दे भी प्रचार का हिस्सा बने। छात्र संगठनों ने भी छात्राओं के बीच अपनी पहुंच बढ़ाने के लिए अंतिम समय तक संपर्क अभियान चलाया।
मतदाता सूची में संख्या अधिक होने के बावजूद चुनावी तस्वीर मतदान के बाद ही साफ होगी। छात्राओं का मतदान प्रतिशत कितना रहता है, यह भी परिणाम को प्रभावित करने वाला अहम पहलू होगा। ऐसे में प्रत्याशियों की कोशिश है कि महिला मतदाता न केवल मतदान के लिए घर से निकलें, बल्कि उनके पक्ष में मतदान भी करें। मंगलवार को होने वाला मतदान इस लिहाज से सभी प्रत्याशियों के लिए बेहद महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
सबसे ज्यादा वोटर डीएवी में
राज्य के सबसे बड़े महाविद्यालय डीएवी पीजी कॉलेज में सबसे ज्यादा वोटर हैं। यहां कुल 10576 छात्र हैं। इनमें 5573 छात्राएं व 5003 छात्र शामिल हैं। डीबीएस में भी 940 छात्राएं और 720 छात्रों को मिलाकर कुल 1660 मतदाता हैं। जबकि राजकीय महाविद्यालय देहरादून में कुल 732 मतदाता हैं। इनमें 519 छात्राएं व 213 छात्र शामिल हैं। वहीं, राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय मालदेवता रायपुर में 977 कुल मतदाता है। यहां 579 छात्राएं व 398 छात्र हैं। उधर एसजीआरआर पीजी कॉलेज का भी कुछ ऐसा ही हाल है। यहां कुल 1105 मतदाता हैं। इनमें 790 छात्राएं व 315 छात्र शामिल हैं।








